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खुद को साबित करने की आग।

 दोस्तों! जिंदगी में पहचाना बनाना ये कोई साधारण इच्छा नहीं होती। ये वो आग है जो इंसान को अंदर से जलाती भी है और रौशन भी करती है। ये वो बेचैनी है जो सोने नहीं देती, हार मानने नहीं देती, और भीड़ में खो जाने नहीं देती। दुनिया में दो तरह के लोग होते हैं। एक वो, जो हालात को दोष देते हैं। और दूसरे वो, जो हालातों को जवाब देते हैं।

जवाब शब्दों से नहीं, परिणामों से। खुद को साबित करने का जुनून उसी इंसान में पैदा होता है जिसे कभी हल्के में लिया गया हो, जिसे कभी कमतर समझा गया हो, जिसके सपनों पर कभी किसी ने हस दिया हो, या जिसे बार-बार ये एहसास दिलाया गया हो तू नहीं कर सकता। याद रखो,

जब कोई तुम्हें कहे तू नहीं कर सकता, तो वो तुम्हारी हद नहीं बता रहा, वो अपनी सोच की सीमा बता रहा है। 


🔥जुनून क्या होता है|

 जुनून वो नहीं होता जो मंच पर चिल्लाने से आ जाए। जुनून वो नहीं होता जो सोशल मीडिया की पोस्ट से पैदा हो जाए। जुनून तब पैदा होता है जब तुम्हारा दिल कहता है।

अब बहुत हो गया, अब मुझे खुद को साबित करना है।

✨जुनून तब पैदा होता है।

 जब थक कर भी तुम्हारे हाथ रुकते नहीं, जब हार कर भी तुम्हारी आखें झुकती नहीं, जब अकेले होने के बाद भी तुम्हारा आत्मविश्वास मरता नहीं जुनून का मतलब है।दूसरों को जवाब देना नहीं, खुद से किए वादे निभाना।


🌄क्यों ज़रूरी है खुद को साबित करना|

क्योंकि अगर तुमने खुद को साबित नहीं किया, तो दुनिया तुम्हें अपनी सुविधा के हिसाब से परिभाषित कर देगी। आज दुनिया तुम्हें तुम्हारी डिग्री से पहचानती है, तुम्हारे कपड़ों से आकती है,तुम्हारी भाषा से जज करती है, और तुम्हारी हैसियत से तौलती है लेकिन तुम्हारी असली पहचान तब बनेगी।

जब तुम्हारा काम बोलेगा, जब तुम्हारा संघर्ष चमकेगा, और जब तुम्हारी कहानी लोगों को चुप करा देगी। खुद को साबित करने का जुनून तुम्हें दूसरों से आगे नहीं ले जाता,  ये तुम्हें तुम्हारे पुराने version से आगे ले जाता है। 


☑️दर्द जुनून का इंधन|

 अगर तुम्हारी ज़िंदगी में दर्द नहीं है,तो या तो तुम बहुत भाग्यशाली हो या फिर तुम बहुत सुरक्षित ज़िंदगी जी रहे हो।

सच ये है!

 जुनून अक्सर दर्द से ही जन्म लेता है।

 1.अपमान का दर्द

 2.असफलता का दर्द 

3.तिरस्कार का दर्द 

4.और खुद से नाराज़ होने का दर्द

 यही दर्द धीरे-धीरे तुम्हारे अंदर आग बन जाता है। लेकिन फर्क यहा पड़ता है, कुछ लोग दर्द में टूट जाते हैं,और कुछ लोग उसी दर्द से इतिहास बना देते हैं।खुद से पूछो  मैं किस किस्म का इंसान बनना चाहता हू।


🏞️बहाने बनाम जुनून|

जहा जुनून होता है,वहा बहाने मर जाते हैं। जिस इंसान में खुद को साबित करने का जुनून होता है, वो ये नहीं कहता मेरे पास समय नहीं है। वो कहता है मैं समय निकलूंगा। वो ये नहीं कहता मेरे पास साधन नहीं हैं। वो कहता है मैं रास्ता बनाऊगा।

वो ये नहीं कहता  मेरी किस्मत खराब है। वो कहता है मैं अपनी किस्मत लिखूंगा। याद रखो, किस्मत उन्हीं का साथ देती है, जो उस पर निर्भर नहीं रहते। 


🧘अकेलापन जुनून की परीक्षा|

 जब तुम खुद को साबित करने की राह पर निकलते हो, तो सबसे पहले लोग कम हो जाते हैं। दोस्त समझ नहीं पाते, रिश्तेदार सवाल करने लगते हैं, और समाज कहता है।

इतना मत सोच, जैसा चल रहा है चलने दे। लेकिन यही वो मोड़ है जहा असली और नकली सपनों में फर्क होता है अगर तुम अकेले चलने से डर गए, तो याद रखना भीड़ कभी इतिहास नहीं बनाती। इतिहास हमेशा उन लोगों ने बनाया है। जो पहले अकेले चले। 


🚵खुद से युद्ध|

 खुद को साबित करने का जुनून दूसरों से लड़ने का नाम नहीं है।

ये खुद से लड़ने का नाम है। उस आलस से लड़ना जो तुम्हें रोकता है उस डर से लड़ना जो तुम्हें पीछे खींचता है उस आवाज़ से लड़ना जो कहती है छोड़ दे हर दिन जब तुम अपने डर के बावजूद आगे बढ़ते हो, तुम खुद को थोड़ा-थोड़ा साबित करते हो। और एक दिन तुम्हारा आत्मविश्वास तुम्हारे डर से बड़ा हो जाता है।


 ⛳परिणाम सबसे बड़ा जवाब|

दुनिया को भाषण नहीं चाहिए, दुनिया को परिणाम चाहिए।

तुम लाख सफाइया दो, कोई नहीं सुनेगा। लेकिन जब तुम सफल हो जाओगे, तो वही लोग तुम्हारी कहानी सुनाने लगेंगे। यही दुनिया का नियम है। इसलिए अपनी ऊर्जा लोगों को समझाने में नहीं, खुद को बनाने में लगाओ।


 🌌खुद को साबित करने का सही तरीका|

 खुद को साबित करने का मतलब ये नहीं कि तुम दूसरों को नीचा दिखाओ। इसका मतलब है।

 >हर दिन खुद से बेहतर बनना 

>अपने काम में ईमानदारी रखना

> हार से सीखना

 >और जीत में विनम्र रहना

जब तुम्हारी मेहनत बोलने लगे। तो तुम्हें कुछ कहने की ज़रूरत नहीं पड़ती। 


☑️आख़िरी बात दिल से|

 अगर आज तुम्हें लग रहा है कि कोई तुम्हें नहीं समझता,कि तुम्हारी काबिलियत को नज़रअंदाज़ किया गया है, कि तुम्हारी मेहनत को हल्का समझा गया है तो घबराओ मत। ये वही दौर है जहा से महान कहानिया शुरू होती हैं।

आज खुद से एक वादा करो मैं चुपचाप मेहनत करूगा, मैं हार मानकर पीछे नहीं हटूगा, मैं खुद को साबित करूगा

शोर मचाकर नहीं,परिणाम दिखाकर। याद रखना।

जब तुम्हारा जुनून तुम्हारे डर से बड़ा हो जाता है, तो कोई ताक़त तुम्हें रोक नहीं सकती। खुद को साबित करने का जुनून अगर सही दिशा में लग गया, तो वही जुनून तुम्हारी पहचान, तुम्हारी ताक़त और तुम्हारी कहानी बन जाएगा।अब फैसला तुम्हारे हाथ में है या तो हालातों के आगे झुक जाओ, या खुद को साबित करके दुनिया को झुकने पर मजबूर कर दो।

 

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